मानव पूंजी निर्माण में स्वास्थ्य की क्या भूमिका है

    प्रश्नकर्ता bhumi
    Participant
Viewing 1 replies (of 1 total)
  • उत्तर
    उत्तरकर्ता maharshi
    Participant

    मानव पूंजी निर्माण में स्वास्थ्य की बड़ी महत्त्वपूर्ण भूमिका है।

    एक पुरानी कहावत है ‘स्वस्थ शरीर में स्वस्थ बुद्धि रहती है’ |

    स्वास्थ्य से हमारा तात्पर्य केवल जीवित रहना नहीं है वरन् एक व्यक्ति की सर्वांगीण भलाई से है जिसमें शारीरिक, मानसिक, आर्थिक तथा सामाजिक, आदि सभी पक्ष आ जाते हैं।

    स्वास्थ्य पर किया गया व्यय एक व्यक्ति को अधिक कार्यकुशल तथा अधिक उत्पादनकारी बनाते हैं।

    उत्पादन की प्रक्रिया में उसके योगदान के अधिक होने की प्रवृत्ति पाई जाती है।

    एक बीमार व्यक्ति की तुलना में एक स्वस्थ व्यक्ति राष्ट्र के सकल घरेलू उत्पाद में अधिक वृद्धि करता है।

    अत: स्वास्थ्य पर किया जाने वाला व्यय मानव पूँजी निर्माण का एक महत्त्वपूर्ण निर्धारक तत्त्व है।

    स्वास्थ्य के क्षेत्र में व्यय किया गया धन केवल किसी विशेष व्यक्ति का ही कल्याण नहीं करता वरन् इसके द्वारा मानव संसाधन के क्षेत्र में भी सुधार आता है और परिणामस्वरूप राष्ट्रीय अर्थव्यवस्था के विभिन्न क्षेत्रों में लाभकारी प्रभाव देखने को मिलते हैं।

    स्वास्थ्य के क्षेत्र में भी केवल रोगों के निवारण पर ही जोर नहीं दिया जाता वरन् जनसंख्या नियन्त्रण, परिवार कल्याण, खाद्य पदार्थों में मिलावट आदि रोकना तथा नशीले पदार्थों पर नियन्त्रण रखने आदि पक्षों पर ध्यान दिया जाता है।

Viewing 1 replies (of 1 total)
  • इस प्रश्न पर अपना उत्तर देने के लिए कृपया logged in कीजिये